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आरएसएस की रमजान के मौके पर एक बड़ी इफ्तार पार्टी

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आरएसएस रमजान के मौके पर एक बड़ी इफ्तार पार्टी देने जा रहा है। संघ का सहयोगी संगठन राष्ट्रीय मुस्लिम मंच इसे ऑर्गनाइज करेगा। इस कदम को संघ की ‘मुस्लिम विरोधी’ इमेज बदलने की कोशिश माना जा रहा है। 2 जुलाई को दिल्ली में ये इफ्तार पार्टी होगी। इसमें शामिल होने के लिए पाकिस्तान सहित कई मुस्लिम कंट्रीज के डिप्लोमैट्स को इन्विटेशन भेजा गया है।
– राष्ट्रीय मुस्लिम मंच की तरफ से दी जाने वाली इस इफ्तार पार्टी का मकसद एकता और सौहार्द का संदेश फैलाना और भारत को ‘दंगा-मुक्त’ देश बनाना है।
– आरएसएस के नेता और मंच के संरक्षक इंद्रेश कुमार ने बुधवार को कहा- राष्ट्रीय मुस्लिम मंच की यह इफ्तार पार्टी इस बार काफी बड़ी होगी।
– “दिल्ली की इफ्तार पार्टी के लिए 35 से 40 मुस्लिम कंट्रीज के डिप्लोमैट्स को इन्विटेशन भेजा जा चुका है। बाकी को भी भेजा जा रहा है।”
– ‘‘इसका मकसद दुनिया को भारतीयता के बारे में बताना और सभी समुदायों के लोगों को शांति और सौहार्द के साथ रहने में मदद करना है।
– उन्होंने कहा – “भारत, मुस्लिम वर्ल्ड के लिए उम्मीद और शांति की एक किरण है।”
– इंद्रेश कुमार ने माइनॉरिटीज से अपील करते हुए कहा, ‘‘परोपकार की शुरुआत घर से होती है। सभी को इस देश को दंगा मुक्त बनाने और भारत सहित विश्व को आतंकवाद एवं हिंसा से मुक्त बनाने में मदद करने के लिए सौहार्दपूर्ण तरीके से रहना चाहिए।’’
क्या है राष्ट्रीय मुस्लिम मंच?
– आरएसएस से जुड़ा राष्ट्रीय मुस्लिम मंच 2002 में बनाया गया था।
– पूर्व सरसंघचालक के सुदर्शन और प्रचारक इंद्रेश कुमार की पहल पर मुस्लिम समाज से जुड़ने के लिए इसे बनाया गया था।
– मंच का मकसद देश में भाईचारे की भावना को बढ़ावा देना है।
– मंच ने देशभर में अपने वर्कर्स को ऐसी छोटी-छोटी इफ्तार पार्टी ऑर्गनाइज करने को भी कहा है।
पिछले साल भी दी थी इफ्तार पार्टी
– पिछले साल भी जुलाई में राष्ट्रीय मुस्लिम मंच ने पार्लियामेंट एनेक्सी बिल्डिंग में रोजा इफ्तार पार्टी दी थी।
– इस दौरान देश भर से आए मुस्लिम लीडर और मुस्लिम देशों के डिप्लोमैट शामिल हुए।
– पार्टी को एड्रेस करते हुए इंद्रेश कुमार ने कहा था कि इस इफ्तार पार्टी का राजनीति से कोई लेना-देना नहीं है।
– “यह सोशल और कल्चरल प्रोग्राम है ताकि हम एक दूसरे को बेहतर तरीके से समझ सकें।”
– इस पार्टी के लिए पीएम मोदी और प्रेसिडेंट प्रणब मुखर्जी को भी इन्वाइट किया गया था। हालांकि ये दोनों ही पार्टी में नहीं पहुंचे थे।
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