किसान पुत्र कहने वाले सीएम ने 28 घंटे के उपवास के लिए जनता के 5 करोड़ रुपए खर्च कर दिए- अरुण यादव

0
सीएम शिवराज सिंह चौहान के उपवास और सिंधिया के सत्याग्रह को जनता के सामने अलग अंदाज में पेश किया जा रहा है। कांग्रेस नेता अरुण यादव ने सीएम पर किसानों की अनदेखी का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा है कि, खुद को किसान पुत्र कहने वाले सीएम ने 28 घंटे के उपवास के लिए जनता के 5 करोड़ रुपए खर्च कर दिए। वहीं, राजघराने से ताल्लुक रखने वाले कांग्रेस नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया लग्जरी लाइफ छोड़कर खटिया पर सोए और देसी मटके का पानी पीया।
-प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अरुण यादव ने कहा था कि सीएम को किसान की परेशानियों से कितना सरोकार है, इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि उन्होंने 28 घंटे के उपवास के लिए जनता के 5 करोड़ रुपए खर्च कर दिए। खुद को किसान पुत्र कहने वाले सीएम ने एसी पंडाल में उपवास किया और मिनरल वाटर पिया।
सिंधिया के सत्याग्रह का हाल
-वहीं पूर्व केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के सत्याग्रह की तस्वीर कुछ अलग बयां की गई। यानी उन्हें आम आदमी की तरह सत्याग्रह करते दिखाया गया। वे एक साधारण सी खटिया पर सोए और मटके का पानी पीया।
-सिंधिया के पंडाल में देसी मटका और एक छोटे से स्टूल पर दो गिलास देखे गए।
-गुरुवार देर रात बिजली चले जाने के कारण भी यहां सभी को परेशानी हुई। लेकिन, सिंधिया रात भर किसानों के बीच बैठकर बातचीत करते रहे।
ऐसा था सीएम का उपवास
-सीएम शिवराज सिंह चौहान ने गोविंदपुरा दशहरा मैदान में किसानों को मनाने के लिए उपवास किया था।
-इस दौरान न सिर्फ वाटर प्रूफ पंडाल लगाया गया था, बल्कि पूरे पंडाल में कूलर, पंखे, एयर कंडीशनर, गद्दे और लाइटिंग सहित तमाम व्यवस्थाएं की गई थी।
-इतना ही नहीं सीएम के रुकने के लिए अलग कक्ष बनाया गया था।
-इसके साथ ही किसानों और अधिकारियों से मिलने के लिए भी अलग-अलग कक्ष बनाए गए थे।
-कांग्रेस का आरोप है कि इन सभी व्यवस्थाओं को सुचारू रूप देने के लिए सीएम ने जनता के लगभग 5 करोड़ों रुपए खर्च किए हैं।
दिग्विजय का आरोप
गुरुवार को सिंधिया के सत्याग्रह में शामिल हुए पूर्व सीएम दिग्विजय ने कहा कि, राजा के बेटे ने महल-एसी छोड़ा और किसान के बेटे शिवराज ने एसी में बैठकर उपवास किया। सत्याग्रह को लेकर दिग्विजय सिंह ने सिंधिया को बधाई दी। उन्होंने कहा कि जो महल में और एयरकंडीशन के बिना नहीं रह सकते थे, वे सत्याग्रह पर हैं। वहीं, खुद को किसान का बेटा बताने वाले सीएम के लिए एसी वाला पंडाल लगाया गया था। शिवराज का उपवास सिर्फ नाटक व नौटंकी ही थी।
भाजपा नेताओं का तर्क
सीएम के उपवास पर पांच करोड़ खर्च किए जाने के सवाल पर भाजपा के दिग्गज नेताओं के पास कोई जवाब नहीं है। हालांकि, कुछ नेताओं का कहना है कि कांग्रेस बेवजह का आरोप लगा रही है। मौसम को देखते हुए ही सीएम के उपवास स्थल पर सारी व्यवस्थाएं की गई थीं। उस समय गर्मी ज्यादा थी और मुख्यमंत्री ने सरकार भी वहीं से चलाने का एलान किया था, इसीलिए वे सारी व्यवस्थाएं की गई थीं।
Share.

About Author

Leave A Reply