About us

इटारसी रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म एक की कैंटीन से आग लग गई

0

इटारसी रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म एक की कैंटीन से आग लग गई। देखते ही देखते आग ने प्लेटफार्म एक में संचालित होने वाले दफ्तरों को अपनी चपेट में ले लिया। इससे प्लेटफार्म एक में धुंआ भर गया। आग पर काबू पाने के लिए दमकल की 8 गाडि़यां मौके पर पहुंच चुकी हैं। स्टेशन की ओएचई लाइन को बंद कर दिया गया है। इससे ट्रेनों का अावागमन करीब डेढ़ घंटे से पूरी तरह से ठप्प पड़ गया है। प्लेटफार्म एक के पास मेन लाइन में खड़े डीजल टैंकर मालगाड़ी को आग से बचाने के लिए आनन-फानन आगे खिसकाया गया है। फिलहाल आग पर काबू पाने की कोशिश चल रही हैं।

करीब 50 लाख का नुकसान
-जानकारी के अनुसार, मंगलवार को करीब 3.30 बजे स्टेशन के प्लेटफार्म एक की कैंटीन से आग भड़की। धीरे-धीरे आग ने पूरे प्लेटफार्म को अपनी चपेट में ले लिया। बताया जा रहा है कि प्लेटफार्म एक 40 फीसदी जल चुका है। स्टेशन में पानी की सप्लाई करने वाले पाइपों को चालू कर दिया गया है। प्लेटफार्म एक की कैंटीन, डिप्टी एसएस कार्यालय, ऑपरेटिंग ऑफिस, वेटिंग हाल, स्लीपर और एसी। दोनों जल गए हैं। इससे 50 लाख के नुकसान का अनुमान लगाया जा रहा है।

डेढ़ घंटे से बंद है ट्रेनों का अावागमन

-आग लगने के बाद स्टेशन की ओएचआई लाइन को बंद कर दिया गया है। इससे डेढ़ घंटे से इटारसी स्टेशन से ट्रेनों का आवागमन बंद कर दिया गया है। साथ ही स्टेशन पर कुशीनगर एक्सप्रेस समेत 3-4 ट्रेनें खड़ी हैं। स्टेशन को खाली करा लिया गया है।

दीवारों को जेसीबी से तोड़कर बनाई जगह
-जेसीबी से कैंटीन की दीवारों को तोड़कर जहां भी आग धधक उसे बुझाने की कोशिश की जा रही है। आग बुझाने के लिए ऑर्डिंनेंस फैक्ट्री, होशंगाबाद, नगर पालिका इटारसी से 8 दमकल की गाडि़यां बुला हैं।
ऑपरेटिंग कार्यालय जल चुका है, ऐसे में ट्रेनों के आवागमन की सूचना भी नहीं मिल पा रही है। पैसेंजर को एक नंबर प्लेटफार्म से हटा दिया गया। साथ मुख्य गेट पर बैरिकेड लगाकर काम चल रहा है।

-मौके पर एसडीएम आरएस बघेल, तहसीलदार ऋतु भार्गव, स्टेशन प्रबंधक एसके जैन और एसडीओपी अनिल शर्मा, आरपीएफ टीआई एसपी सिंह आदि मौके पर मौजूद हैं। नगर पालिका और रेलवे के तमाम अधिकारी आग बुझाने में जुटे हुए। आठ ट्रेनें इटारसी स्टेशन ओर उसके आसपास खड़ी हैं।

तीन साल पहले हुए हादसे में डेढ़ महीने बंद था आवागमन

 -तीन साल पहले 2015 में इटारसी स्टेशन का आरआरआई जल गया था, इससे डेढ़ महीने तक ट्रेनों का आवागमन बाधित रहा था। असल में, इसे सेंट्रल केबिन कमांड भी कहा जाता है।
Share.

About Author

Leave A Reply