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जातीय समीकरण बैठाने के लिए रामनाथ कोविंदजी को राष्ट्रपति बनाया और आडवाणी साहब छूट गए – गहलोत

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गुजरात में हार के डर से रामनाथ कोविंद को राष्ट्रपति बनाया गया था। भाजपा को जातीय समीकरण साधने थे इसलिए लालकृष्ण आडवाणी राष्ट्रपति नहीं बन पाए और कोविंद राष्ट्रपति बन गए। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने यह बात बुधवार को यहां पीसी में कही। गहलोत ने कहा कि एक ओर जहां पाकिस्तान को लेकर चर्चा हो रही है वहीं  पाकिस्तान भी सर्जिकल स्ट्राइक करता रहता है। उनके बयान पर बवाल मचने पर गहलोत ने टवीट कर सफाई दी तथा कहा, मेरे बयान को गलत तरीके से पेश किया गया।  गहलोत ने कहा, गुजरात के चुनाव आ रहे थे और घबराई भाजपा को लग रहा था कि उनकी सरकार वहां नहीं बनने जा रही है। मेरा ऐसा मानना है कि जातीय समीकरण बैठाने के लिए रामनाथ कोविंदजी को राष्ट्रपति बनाया और आडवाणी साहब छूट गए। गहलोत ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तंज कसते हुए कहा, मुझे इन पांच सालों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के काम करने का तरीका समझ नहीं आया। देश में अजीब माहौल है। मीडिया सच लिखने में घबरा रहा है। टारगेट कर के एजडीटीवी पर हमला किया गया। एंकर को निकालने के लिए पीएमओ से आदेश आता है। गहलोत ने कहा, कांग्रेस सरकार कभी गलत आंकड़े नहीं देती। वहीं नरेंद्र मोदी भाजपा सरकारों से झूठे आंकड़े मंगवाते हैं। गहलोत ने कहा कि जुमले भाजपा सरकार को ले डूंबेंगे। गहलोत ने कहा, कि देश में एंटी मोदी लहर चल रही है। राज्य में पानी की किल्लत के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, पानी को लेकर संकट है। हमने इसको लेकर तैयारी की है। सरकार की तरह से कोई कमी नहीं आएगी। जोभी जिम्मेदार कोताही बरतेगा उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। पब्लिक को भी पानी का ध्यान रखना चाहिए। बाद में राष्ट्रपति को लेकर दिए बयान पर बवाल मचने पर उन्होंने सफाई दी। गहलोत ने ट्वीट में कहा, यह बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है कि कुछ मीडिया हाउस मेरी पीसी में दिए बयान को गलत तरीके से पेश कर रहे हैं। मैँ व्यक्तिगत रूप से श्री रामनाथ कोविंद का और देश के राष्ट्रपति का बहुत आदर करता हूं। मैं कोविंद जी से व्यक्तिगत रूप से मिला हूं तथा उनके सादगी और विनम्रता से बेहद प्रभावित हूं। वहीं भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष मदनलाल सैनी ने इस पर कहा कि क्या अब भी हम जाति को लेकर ही बात करते रहेंगे। हमें देश के बारे में सोचना होगा।

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